बरेली, उत्तर प्रदेश: बरेली नगर निगम ने शहर के समग्र विकास के लिए 1090 करोड़ रुपये का ऐतिहासिक बजट पास कर दिया है। मंगलवार को महापौर डॉ. उमेश गौतम की अध्यक्षता में हुई बोर्ड बैठक में यह प्रस्ताव बिना किसी विरोध के सर्वसम्मति से मंजूर हुआ। इसे अब तक का सबसे बड़ा और संतुलित बजट माना जा रहा है, जिसमें बुनियादी सुविधाओं, साफ-सफाई, सौंदर्यीकरण और यातायात व्यवस्था पर खास ध्यान दिया गया है। इस बजट से बरेली की सड़कें, रोशनी, पानी और सफाई व्यवस्था में बड़ा सुधार होने की उम्मीद है।
सड़कों पर 120 करोड़, 30 हजार नई लाइटें लगेंगी
बजट में शहर की सड़कों के निर्माण और सुधार के लिए 120 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। साथ ही शहर को जगमग बनाने के लिए 30 हजार नई स्ट्रीट लाइटें लगाने की योजना बनाई गई है। करीब 20 करोड़ रुपये की लागत से हर वार्ड में 300 से अधिक लाइटें लगाई जाएंगी, जिससे अंधेरे वाले इलाकों में सुरक्षा बढ़ेगी और आवागमन आसान होगा।
सफाई व्यवस्था पर 15 करोड़, हर घर से कूड़ा उठान
शहर की सफाई व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए 15 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। टू-डोर कूड़ा कलेक्शन सिस्टम को प्रभावी बनाने पर जोर दिया गया है, ताकि हर घर से नियमित रूप से कूड़ा उठाया जा सके और शहर स्वच्छ और सुव्यवस्थित बने।
हर गली तक पानी और सीवर लाइन
नगर निगम ने पेयजल और सीवर लाइन को हर गली तक पहुँचाने का बड़ा लक्ष्य रखा है। इसके लिए 10 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त राशि भी खर्च की जाएगी, ताकि जलभराव और पेयजल की समस्या का स्थायी समाधान हो सके।
330 पार्कों का सौंदर्यीकरण, 40 करोड़ ग्रीन बरेली पर
शहर को हरा-भरा और सुंदर बनाने के लिए 330 पार्कों के सौंदर्यीकरण पर 10 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। साथ ही ग्रीन बरेली और मुख्यमंत्री ग्रिड योजना के तहत 40 करोड़ रुपये का प्रावधान रखा गया है। इससे शहर की सूरत पूरी तरह बदलने की तैयारी है।
सीबीगंज में जल्द शुरू होगी नंदीशाला
बैठक में तय किया गया कि सीबीगंज क्षेत्र में दो महीने के अंदर नंदीशाला का संचालन शुरू कर दिया जाएगा। आवारा कुत्तों की समस्या से निपटने के लिए दो एजेंसियों का चयन किया गया है, जो नसबंदी अभियान चलाएंगी। बंदरों की समस्या के समाधान के लिए वन विभाग भी अभियान चलेगा।
आय बढ़ाने का लक्ष्य 750 करोड़
नगर निगम ने अपनी आय बढ़ाने का भी बड़ा लक्ष्य रखा है। अब 600 करोड़ के मुकाबले 750 करोड़ रुपये की वसूली का लक्ष्य तय किया गया है, जिससे विकास कार्यों को और तेज गति मिलेगी। महापौर डॉ. उमेश गौतम ने कहा कि यह बजट शहर के हर क्षेत्र को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। लक्ष्य सिर्फ बजट पास करना नहीं, बल्कि उसे जमीन पर उतारना है। हर वार्ड में सड़क, पानी, सीवर और रोशनी की सुविधा सुनिश्चित की जाएगी, ताकि बरेली को स्मार्ट और व्यवस्थित शहर बनाया जा सके।
बैठक में मौजूद प्रमुख अधिकारी
बैठक में नगर आयुक्त संजीव मौर्य, अपर नगर आयुक्त शशि भूषण राय, मुख्य अभियंता मनीष अवस्थी समेत कई अधिकारी और पार्षद मौजूद रहे। यह बजट बरेली के समग्र विकास के लिए एक बड़ा कदम माना जा रहा है और शहरवासी अब इन योजनाओं के धरातल पर उतरने का इंतजार कर रहे हैं।

