मुजफ्फरनगर, उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले में एक अनोखी प्रेम कहानी ने सामाजिक मर्यादाओं को चुनौती दी है। ममेरी और फुफेरी बहन, निकिता और दीपांशी, ने आपस में शादी रचाकर सबको चौंका दिया। परिवार के विरोध और धमकियों के बाद दोनों ने पुलिस में शिकायत की, और अब वे पुलिस सुरक्षा में पति-पत्नी की तरह लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही हैं।
प्रेम की अनोखी शुरुआत
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, तितावी थाना क्षेत्र की निकिता और सिखेड़ा थाना क्षेत्र की दीपांशी पिछले डेढ़ साल से प्रेम संबंध में थीं। दोनों ममेरी-फुफेरी बहनें हैं, और उनके रिश्ते को परिवार ने स्वीकार नहीं किया। इसके बावजूद दोनों का प्यार परवान चढ़ता रहा। 26 फरवरी 2025 को निकिता, दीपांशी के साथ घर छोड़कर गाजियाबाद भाग गई। वहाँ दोनों ने किराए के मकान में रहना शुरू किया और एक प्राइवेट फैक्ट्री में काम करने लगीं।
परिवार की शिकायत
निकिता के पिता ने आईजीआरएस पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई, जिसमें उन्होंने दावा किया कि उनकी बेटी का अपहरण कर लिया गया है। पुलिस ने तुरंत खोजबीन शुरू की और दोनों को तलाश लिया। गुरुवार को जब निकिता और दीपांशी थाने पहुँचीं, तो निकिता ने दुल्हन की तरह सिर पर सिंदूर लगाया था, जबकि दीपांशी पैंट-शर्ट में थीं। इस दृश्य ने सभी को हैरान कर दिया।
थाने में खुलासा
थाने में दिए बयान में निकिता ने बताया कि उसने छह दिन पहले दीपांशी से शादी की है और वह इस रिश्ते से खुश है। उसने परिवार से जान का खतरा होने का दावा करते हुए कहा कि वे दोनों साथ रहना चाहती हैं। दीपांशी ने भी खुलकर कहा कि उसे पुरुषों में रुचि नहीं है और वह निकिता को समझती है। दोनों ने एक-दूसरे के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जताई।
पुलिस सुरक्षा में नया जीवन
पुलिस ने दोनों के बयान दर्ज किए और उनकी सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उन्हें दीपांशी के घर भेज दिया। अब निकिता और दीपांशी पति-पत्नी की तरह लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही हैं। पुलिस ने उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की है, ताकि परिवार की धमकियों से उन्हें कोई नुकसान न हो। यह जोड़ा पहले ममेरी-फुफेरी बहनें थीं, लेकिन अब एक-दूसरे का साथ चुनकर नया जीवन शुरू कर चुकी हैं।
परिवार और समाज में हलचल
इस घटना ने दोनों के परिवारों में हलचल मचा दी है। परिजन इस रिश्ते को स्वीकार करने को तैयार नहीं हैं और इसे सामाजिक मर्यादाओं के खिलाफ मान रहे हैं। गाँव और आसपास के इलाकों में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। लोग इस अनोखे रिश्ते को लेकर तरह-तरह की बातें कर रहे हैं, लेकिन निकिता और दीपांशी अपने फैसले पर अडिग हैं।
सामाजिक और कानूनी सवाल
यह मामला प्रेम, व्यक्तिगत स्वतंत्रता, और सामाजिक मान्यताओं पर गहरी बहस छेड़ता है। निकिता और दीपांशी की शादी ने समाज में समलैंगिक रिश्तों और पारिवारिक स्वीकृति के मुद्दों को सामने ला दिया है। यह समाज से सहिष्णुता, प्रेम की आजादी, और व्यक्तियों के निजी फैसलों का सम्मान करने की माँग करता है। साथ ही, यह पुलिस और प्रशासन से ऐसी स्थिति में संवेदनशीलता और सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपेक्षा रखता है। पुलिस की कार्रवाई और सुरक्षा ने इस जोड़े को नया जीवन दिया है, लेकिन समाज में स्वीकार्यता का सवाल अब भी बाकी है।

