प्रयागराज, उत्तर प्रदेश: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को प्रयागराज पहुंचकर 3 जनवरी 2026 से शुरू हो रहे माघ मेले की तैयारियों का पूरा जायजा लिया और श्रद्धालुओं के लिए होने वाली सुविधाओं की विस्तृत जानकारी दी। सीएम ने कहा कि इस बार माघ मेला 15 दिन पहले शुरू हो रहा है और इसका क्षेत्रफल 2024 से भी बड़ा होगा। अनुमान है कि डेढ़ महीने के इस आयोजन में 12 से 15 करोड़ लोग संगम स्नान करेंगे। हर साल की तरह 20-25 लाख कल्पवासी पूरे एक महीने तक यहीं तंबू डालकर रहेंगे।
प्रमुख स्नान तिथियां 2026
- 3 जनवरी → पौष पूर्णिमा (प्रथम स्नान)
- 15 जनवरी → मकर संक्रांति
- 18 जनवरी → मौनी अमावस्या (मुख्य राजयोग स्नान)
- 23 जनवरी → बसंत पंचमी
- 1 फरवरी → माघी पूर्णिमा
- 15 फरवरी → महाशिवरात्रि (अंतिम स्नान)
मेले का विशाल स्वरूप
- कुल क्षेत्रफल: 800 हेक्टेयर (7 सेक्टर में विभाजित)
- 7 अस्थायी पुल (पुलिस और लोक निर्माण विभाग)
- 42 स्थानों पर विशाल पार्किंग
- 3,800 सरकारी और निजी बसें 24×7 चलेंगी
- भव्य टेंट सिटी का निर्माण तेजी से चल रहा है
पानी, बिजली और स्वच्छता
- 242 किलोमीटर पेयजल पाइपलाइन
- 85 किलोमीटर सीवर लाइन (एक बूंद भी गंगा-यमुना में दूषित पानी नहीं जाएगा)
- 25 अस्थायी विद्युत उपकेंद्र
- हजारों शौचालय और पूरे क्षेत्र में स्ट्रीट लाइट्स
स्वास्थ्य सुविधाएं
- 20-20 बेड वाले दो पूर्ण अस्पताल
- 12 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र
- 5 आयुर्वेदिक + 5 होम्योपैथिक चिकित्सालय
- 1 वेक्टर कंट्रोल यूनिट
- 50 एंबुलेंस हमेशा तैयार
सुरक्षा का अभेद्य घेरा
- 17 अस्थायी थाने
- 42 पुलिस चौकियां
- 1 जल पुलिस थाना + 1 मुख्य कंट्रोल रूम + 4 उप-कंट्रोल रूम
- 20 दमकल गाड़ियां + 7 अग्निशमन चौकियां + 20 निगरानी टावर
- 400 AI आधारित हाई-टेक CCTV कैमरे
- अंतरराज्यीय और अंतरजनपदीय ट्रैफिक प्लान तैयार
सीएम योगी ने कहा, “सभी विभाग एक साथ जुड़े हैं। सिंचाई विभाग पानी, बिजली विभाग सुरक्षा, परिवहन विभाग बसें, स्वास्थ्य विभाग अस्पताल—हर कोई अपनी जिम्मेदारी पर खरा उतर रहा है। माघ मेला न सिर्फ धार्मिक आयोजन है, बल्कि दुनिया की सबसे बड़ी अस्थायी नगरी है। हम इसे पूरी भव्यता और दिव्यता के साथ संपन्न कराएंगे।”
मुलाकात से पहले सीएम ने संगम तट पर मां गंगा का पूजन किया और प्रसिद्ध लेटे हनुमान जी मंदिर में दर्शन-पूजन किया। माघ मेला 2026 की तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं और योगी सरकार इसे अब तक का सबसे भव्य और सुविधा-संपन्न मेला बनाने में जुटी है।

