रुद्रपुर, उत्तराखंड: उत्तर पूर्वी रेलवे ने किच्छा-खटीमा नई रेल लाइन परियोजना को आखिरकार मंजूरी दे दी है। इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट की कुल स्वीकृत लागत 350.85 करोड़ रुपये तय की गई है। 57.7 किलोमीटर लंबी यह रेल लाइन क्षेत्र की कनेक्टिविटी को मजबूत करेगी और स्थानीय अर्थव्यवस्था, व्यापार तथा रोजगार को नई गति देगी। यह खबर 23 सितंबर 2025 को स्थानीय लोगों के लिए बड़ी राहत लेकर आई है।
परियोजना की लागत और फंडिंग
रेलवे की आधिकारिक सूची के अनुसार, परियोजना में 122.45 करोड़ रुपये पूंजीगत व्यय (कैपिटल), 20 करोड़ रुपये विशेष निधि (स्पेशल फंड) और 208.40 करोड़ रुपये डिपॉजिट मद के अंतर्गत खर्च किए जाएंगे। यह रेल लाइन किच्छा और सीमांत क्षेत्र खटीमा को सीधे बेहतर रेल नेटवर्क से जोड़ेगी। क्षेत्रीय वाणिज्य प्रबंधक संजीव शर्मा ने अमर उजाला के रिपोर्टर को बताया कि परियोजना को चरणबद्ध तरीके से क्रियान्वित किया जाएगा।
क्षेत्र के विकास को मिलेगा बढ़ावा
इस परियोजना के पूरा होने से किच्छा और खटीमा के बीच आवागमन सुविधाएँ काफी मजबूत हो जाएंगी। स्थानीय लोगों, कारोबारियों, औद्योगिक इकाइयों और कृषि क्षेत्र को सीधा फायदा पहुँचेगा। खटीमा जैसे सीमांत इलाके तक रेल कनेक्टिविटी बढ़ने से रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे और क्षेत्र का समग्र विकास तेज होगा।
तकनीकी सर्वे और भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया जारी
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, परियोजना को चरणबद्ध तरीके से लागू करने के लिए आवश्यक तकनीकी सर्वे, भूमि अधिग्रहण और प्रशासनिक औपचारिकताएँ तेजी से चल रही हैं। सभी जरूरी मंजूरियाँ पूरी होते ही निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। अधिकारियों ने उम्मीद जताई है कि जल्द ही यह रेल लाइन क्षेत्रवासियों को बेहतर कनेक्टिविटी प्रदान करेगी।
सैन्य क्षेत्र की अड़चन दूर
पहले इस परियोजना में सैन्य क्षेत्र की अड़चन थी, लेकिन अब वर्कशॉप की जमीन को चिह्नित कर लिया गया है। इसमें से अधिकांश भूमि सैन्य प्रतिबंधों से बाहर है, इसलिए एनओसी की जरूरत नहीं पड़ेगी। इससे परियोजना की राह और आसान हो गई है।
क्षेत्रवासियों में उत्साह
किच्छा-खटीमा रेल लाइन की मंजूरी मिलने से स्थानीय लोगों में खुशी की लहर है। यह परियोजना न केवल यातायात को सुगम बनाएगी, बल्कि क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को भी मजबूत करेगी। लोग अब जल्द निर्माण शुरू होने की उम्मीद कर रहे हैं।
रेलवे का आश्वासन
उत्तर पूर्वी रेलवे ने आश्वासन दिया है कि परियोजना को समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाएगा। क्षेत्रीय प्रबंधक ने कहा कि सभी औपचारिकताएँ पूरी होते ही काम शुरू हो जाएगा। यह रेल लाइन बरेली और आसपास के क्षेत्र के लिए विकास का नया इंजन साबित होगी।

