गोरखपुर, उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य के सभी स्कूलों और शिक्षण संस्थानों में राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ का गायन अनिवार्य करने का बड़ा ऐलान किया है। गोरखपुर में सरदार वल्लभ भाई पटेल की 150वीं जयंती पर आयोजित एकता यात्रा के शुभारंभ से पहले सभा को संबोधित करते हुए सीएम योगी ने कहा कि यह कदम हर नागरिक के मन में मातृभूमि के प्रति श्रद्धा और सम्मान जगाने के लिए उठाया जा रहा है। उन्होंने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी की तुष्टिकरण नीतियों को देश के विभाजन का जिम्मेदार ठहराते हुए वंदे मातरम् के ऐतिहासिक महत्व को रेखांकित किया।
राष्ट्रगीत से राष्ट्रप्रेम की भावना जागृत होगी
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, सीएम योगी ने कहा कि गुरुदेव रवींद्रनाथ टैगोर द्वारा रचित ‘वंदे मातरम्’ स्वतंत्रता संग्राम का प्रतीक बन चुका था। 1896 से 1922 तक कांग्रेस के हर अधिवेशन में इसे गाया जाता था, लेकिन 1923 में मोहम्मद अली जौहर के अध्यक्ष बनते ही इसका विरोध शुरू हो गया। योगी ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने जौहर को हटाने की बजाय गीत में संशोधन की बात की, जिसकी तुष्टिकरण नीति ने 1947 में देश का विभाजन कराया। उन्होंने कहा, “लौह पुरुष सरदार पटेल के सम्मान में हम वंदे मातरम् को हर विद्यालय में अनिवार्य करेंगे, ताकि भारतमाता के प्रति श्रद्धा जागे।”
कांग्रेस-सपा पर तीखा प्रहार
एकता यात्रा के मौके पर सीएम ने विपक्ष पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि पटेल जयंती पर फिर वंदे मातरम् का विरोध हो रहा है। सपा के एक सांसद ने इसका खुला विरोध किया। योगी ने चेतावनी दी कि राष्ट्रीय एकता को चुनौती देने वालों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि महापुरुषों का सम्मान नहीं करेंगे, तो देश का भविष्य खतरे में पड़ जाएगा। उन्होंने कांग्रेस को विभाजन की जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि तुष्टिकरण ने देश को तोड़ा, अब एनडीए एकता की नींव मजबूत कर रहा है।
वंदे मातरम् पर चल रहा राजनीतिक विवाद
राष्ट्रगीत इस समय राजनीति का केंद्र बन गया है। महाराष्ट्र की एनडीए सरकार स्कूलों में पूरा गीत अनिवार्य कर रही है और नेहरू पर कटौती का आरोप लगा रही है। कांग्रेस दावा करती है कि उसके कार्यकर्ताओं ने आजादी की लड़ाई में इसे हथियार बनाया। सपा नेता अबू आजमी ने धार्मिक आधार पर गाने से इनकार किया। यूपी के मुरादाबाद से सपा के पूर्व सांसद डॉ. एसटी हसन ने कहा कि मुसलमान अल्लाह के सिवा किसी की इबादत नहीं करते, वंदे मातरम् में धरती पूजा का भाव है, जो इस्लाम में वर्जित है। वे देशभक्त हैं और जान दे सकते हैं, लेकिन पूजा नहीं। उनका बयान वायरल हो रहा है।
एकता यात्रा का संदेश
योगी ने एकता यात्रा को राष्ट्रीय एकता का प्रतीक बताया। यह यात्रा सरदार पटेल की जयंती पर पूरे प्रदेश में निकाली जा रही है। सीएम ने कहा कि वंदे मातरम् का गायन युवाओं में राष्ट्रप्रेम की भावना भरेंगे। शिक्षा विभाग को जल्द निर्देश जारी किए जाएंगे। यह कदम सांस्कृतिक विरासत को मजबूत करने और तुष्टिकरण की राजनीति को खत्म करने की दिशा में महत्वपूर्ण है।

