बरेली, उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश के बरेली जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां जागृतिनगर बीडीए कॉलोनी निवासी सेवानिवृत्त फार्मासिस्ट विशाल चंद्र सक्सेना ने अपनी पत्नी शिखा सक्सेना और उसके दोस्त सौरभ सक्सेना पर बंधक बनाकर प्रताड़ित करने और जबरन चेक पर साइन कराने की कोशिश का आरोप लगाया है।
हिन्दुस्तान की रिपोर्ट के अनुसार, पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने बताया कि दोनों आरोपियों की तलाश की जा रही है।
नींद की गोली मिलाकर दिया दूध, फिर बनाया बंधक
विशाल सक्सेना ने मीडिया पत्रकार को बताया कि 28 अक्टूबर की रात उनकी पत्नी ने उन्हें दूध पीने के लिए दिया। दूध पीने के बाद उन्हें बेहोशी छाने लगी और जब अगली सुबह उनकी आंख खुली, तो वे अपने हाथ-पैर और गले में रस्सी बंधे हुए पाए।
सामने पत्नी शिखा और उसका दोस्त सौरभ मौजूद थे। दोनों ने उन्हें घसीटकर घर के पिछले कमरे में ले जाकर रखा, जहां सीसीटीवी कैमरे बंद कर दिए गए ताकि कोई घटना रिकॉर्ड न हो सके।
पुलिस को दी जानकारी, दर्ज हुई रिपोर्ट
किसी तरह विशाल सक्सेना ने खुद को छुड़ाया और बाहर निकलकर पड़ोसियों को घटना की जानकारी दी। पड़ोसियों ने तुरंत UP-112 पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने उन्हें थाने जाकर रिपोर्ट दर्ज कराने की सलाह दी।
इसके बाद थाना सुभाषनगर में विशाल ने तहरीर दी और पत्नी व उसके साथी के खिलाफ मामला दर्ज कराया। इंस्पेक्टर जितेंद्र कुमार ने बताया कि सौरभ इलेक्ट्रीशियन है और पहले विशाल के घर काम करने आया था, तभी उसकी पत्नी से नजदीकियां बढ़ीं। फिलहाल पुलिस दोनों के खिलाफ जांच कर रही है।
हथौड़े से मारी चोटें, दी जान से मारने की धमकी
पीड़ित ने आरोप लगाया कि दोनों ने उन्हें हथौड़े से चोटें मारकर प्रताड़ित किया और चेक पर साइन करने का दबाव बनाया। सौरभ ने शराब पीते हुए खुद बताया कि दूध में नींद की गोलियां डाली गई थीं। उसने धमकी दी कि अगर चेक पर साइन नहीं किए, तो उन्हें मारकर छत से गिरा देंगे या फांसी पर लटका देंगे।
विशाल का कहना है कि सौरभ को इस काम के बदले में शिखा ने पांच लाख रुपये देने की बात कही थी और दोनों ने मिलकर उनकी संपत्ति हड़पने की साजिश रची थी।
पुलिस जांच जारी
फिलहाल पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि सभी तथ्यों की जांच की जा रही है, और जल्द ही कार्रवाई की जाएगी।

